एक सुंदर सा ख्वाब हो तुम,
तभी तो पाना मुश्किल तुमको।
काश ! तुम रब होते,
पूजा करके पा जाती तुमको।
एक सुन्दर सा मन्दिर बनाकर,
देवता वहाँ बनाती तुमको ,पर
तुम तो एक ख्वाब हो ।
फिर सोचा ,एक मोती होते तुम,
सुंदर गहना बनाती मैं,
हर पल अपने साथ ही रखती ,
और सुंदर बन जाती मैं ,
पर तुम तो एक ख्वाब हो।
बस मेरी आत्मा का अहसास हो ,
एक मीठी सी आस हो ,
जो भी हो ,कोई छीन नहीं सकता तुमको मुझसे ,
क्योंकि तुम ही मेरा संसार हो ।
तभी तो पाना मुश्किल तुमको।
काश ! तुम रब होते,
पूजा करके पा जाती तुमको।
एक सुन्दर सा मन्दिर बनाकर,
देवता वहाँ बनाती तुमको ,पर
तुम तो एक ख्वाब हो ।
फिर सोचा ,एक मोती होते तुम,
सुंदर गहना बनाती मैं,
हर पल अपने साथ ही रखती ,
और सुंदर बन जाती मैं ,
पर तुम तो एक ख्वाब हो।
बस मेरी आत्मा का अहसास हो ,
एक मीठी सी आस हो ,
जो भी हो ,कोई छीन नहीं सकता तुमको मुझसे ,
क्योंकि तुम ही मेरा संसार हो ।